एक मेढ़क बिना साँस लिए पानी में कितना देर तक रह सकता है ? 101 Gk in hindi general knowledge

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हेल्लो दोस्तों स्वागत है आपका हमारे इस वेबसाइट एक सौ एक ज्ञानी डॉट कॉम पर। आज का हमारा प्रश्न है कि एक मेढ़क पानी में बिना साँस लिए कितना देर तक रह सकता है ? अगर आप इस सवाल का जबाब जानते है तो नीचे कमेंट बॉक्स में लिखकर भेजें। यह एक बहुत ही शानदार सामान्य ज्ञान का प्रश्न हैं जिसका जबाब देना मुश्किल हो जाता है। हम आपके लिए ऐसे ही मुश्किल सवालों का जबाब लेकर आते रहते है, इसलिए आप हमेशा हमारे वेबसाइट पर विजिट करते रहे। 

एक मेढ़क बिना साँस लिए पानी में कितना देर तक रह सकता है ? 
¡¡¡¡¡¡¡¡¡¡¡¡¡  4 से 7 घंटों तक  !!!!!!!!!!!!

एक मेढ़क बिना साँस लिए पानी में 4 घंटो से लेकर 7 घंटों तक रह सकता है, क्योंकि मेढ़क अपने शरीर के त्वचा के द्वारा ऑक्सीजन को ग्रहण करता है। मेढ़क को अंग्रेजी में फ्रॉग ( Frog ) कहा जाता है। इसका वैज्ञानिक नाम एनुरा ( Anura ) है। 

मेढ़क के बारें में कुछ विशेष जानकारी : 

मेढ़क एक ऐसा जीव है जो पानी और जमीन दोनों पर रहता है इसलिए इसे उभयचर जंतु भी कहा जाता है। यह एक शितरक्ति प्राणी है जिसके शरीर का तापमान वातावरण के अनुसार बढ़ता और घटता रहता है। ठन्डे के दिनों में ठंडक से बचने के लिए मेढक पानी के अंदर मिट्टी से दो फुट गहराई तक नीचे जाकर छिप जाता है। 

मेढ़क को चार पैर होता है। मेढ़क का अगला दोनों पैर छोटा और पिछला दोनों पैर बड़ा होता है जिससे वह लंबी-लंबी छलांगे लगा पाता है। आपको यह भी बता दें की मेढ़क के अगले दोनों पैर में 4-4 झिल्लीदार उँगलियाँ होती है जबकि पिछले दोनों पैर में 5-5 झिल्लीदार उँगलियाँ होती है। इन्ही उँगलियों की सहायता से वह पानी में तैरता है। 

मेढ़क का आकार 0.4 इंच से लेकर 30 सेमी तक होता है। नर मेढ़क का आकार मादा मेढ़क से छोटा होता है। मेढ़क की तरह ही दिखाई देने वाला एक जीव भेक या दादुर है जिसे टोड कहा जाता है। लेकिन भेक या दादुर और मेढ़क में बहुत बड़ा अंतर है। 

भेक या दादुर ( टोड ) और मेढ़क में अंतर : 

भेक या दादुर ( टोड ) और मेढ़क में कुछ सामान्य अंतर है, जो इस प्रकार है - 
  • दादुर अधिकतर जमीन पर रहता है जबकि मेढ़क पानी और जमीन दोनों पर रहता है। 
  • दादुर की त्वचा शुष्क एवं झुर्रीदार होती है जबकि मेढ़क की त्वचा कोमल एवं चिकनी होती है। 
  • मेढ़क के सिर तिकोना होता है जबकि दादुर का सिर अर्ध-वृताकार होता है। 
  • भेक के पिछले पैर की ऊँगली के बिच झिल्ली नहीं होती है जबकि मेढ़क के पिछले पैर के ऊँगली के बीच झिल्ली होती है। 
  • वैज्ञानिक वर्गीकरण की दृष्टि से दोनों ही जीव एक सामान है। 
  • यह दोनों जीव उभयचर वर्ग के अंतर्गत आता है। 
  • ये दोनों जीव एनुरा गण के अंतर्गत ही आता है। 

मेढ़क प्रायः सभी स्थानों पर पाया जाता है। इसकी 5000 से अधिक प्रजातियों की खोज हो चुकी है। मेढ़क की संख्या वर्षा वनों में सवार्धिक होता है। 

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